फाइटर
वर्ष 2015 में रिलीज हुई ‘फाइटर वार 4 लव’ हरियाणवी सिनेमा के लिए एक महत्वपूर्ण प्रयास थी। फिल्म के मुख्य कलाकार और निर्देशक विजय वर्मा थे। उनके साथ नीतू वर्मा, दीपक नूर, सुनील दहिया, राजू मान, जोगिंदर कुंडू, स्वर्गीय देवेंद्र शर्मा, उर्मिल सखी, दिव्या सिखा और रणबीर आर्यन सहित कई कलाकारों ने फिल्म में महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाईं। सुनील दहिया ने फिल्म में खलनायक की भूमिका निभाई। फिल्म के निर्देशन के साथ विजय वर्मा ने अपने अभिनय और डांस के माध्यम से भी दर्शकों का मनोरंजन किया।
फिल्म की कहानी सूरज के इर्द-गिर्द घूमती है। कॉलेज में पढ़ने के दौरान सूरज को एक लड़की से प्यार हो जाता है। दूसरी ओर गाँव का चौधरी पाले राम सूरज के खेत की जमीन हासिल करना चाहता है। जब सूरज जमीन देने के लिए तैयार नहीं होता, तो संघर्ष और बढ़ता जाता है। कहानी में उस समय एक नया मोड़ आता है जब पाले राम सूरज की मंगेतर को उससे छीनने की कोशिश करता है। प्रेम, जमीन और दुश्मनी के इसी संघर्ष को आधार बनाकर फिल्म की कहानी आगे बढ़ती है।
फिल्म की खासियतों में इसका एक्शन भी शामिल था। उस समय की हरियाणवी फिल्मों की तुलना में ‘फाइटर वार 4 लव’ में एक्शन को बड़े स्तर पर प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया। फिल्म के एक्शन दृश्यों में दक्षिण भारतीय फिल्मों से प्रभावित शैली दिखाई गई, जिसमें मारधाड़ और स्टंट को अधिक प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करने की कोशिश की गई। फिल्म के एक्शन डायरेक्टर जाब्बार खान थे। इस वजह से फिल्म के एक्शन दृश्यों ने हरियाणवी दर्शकों को एक अलग सिनेमाई अनुभव देने का प्रयास किया।
फिल्म में गीत-संगीत को भी विशेष महत्व दिया गया। फिल्म के गीतों में ‘तेरे ते प्यार होया’, ‘जवानी जली रे’ और ‘हाय तोबा प्यार तेरा’ जैसे गीत शामिल थे। इन गीतों को सोमवीर कथूरवाल, मुकेश वर्मा, मीनाक्षी वर्मा, ने आवाज दी। गीतों के बोल विजय वर्मा, नरेंद्र गुलिया और दीपक नूर ने लिखे। फिल्म का संगीत मुकेश वर्मा ने तैयार किया।
‘फाइटर वार 4 लव’ की एक खास पहचान इसका डांस और गीतों की प्रस्तुति भी रही। विजय वर्मा पहले से ही हरियाणवी गीत-संगीत की दुनिया में अपने डांस के लिए लोकप्रिय थे। फिल्म में उन्होंने अपने उसी अंदाज को बड़े पर्दे पर प्रस्तुत किया। गीतों में उनके डांस स्टेप्स और प्रस्तुति ने फिल्म को मनोरंजन का एक अलग रंग दिया। फिल्म में एक आइटम सॉन्ग भी रखा गया, जो उस समय हरियाणवी सिनेमा में दर्शकों के लिए अपेक्षाकृत अलग तरह का प्रयोग था। फिल्म के तकनीकी पक्ष में शिव शक्ति ने DOP के रूप में काम किया। कैमरा, एक्शन और गीतों की शूटिंग को प्रभावशाली बनाने का प्रयास किया गया। फिल्म का निर्माण सुनील दहिया ने किया था और उन्होंने निर्माता होने के साथ-साथ फिल्म में खलनायक की भूमिका भी निभाई।
2015 का वर्ष हरियाणवी सिनेमा के लिए एक बदलाव की शुरुआत का समय था। इसी वर्ष ‘फाइटर वार 4 लव’ ने थिएटर में दस्तक देकर यह दिखाने का प्रयास किया कि हरियाणवी भाषा की फिल्म में प्रेम कहानी, ग्रामीण संघर्ष, एक्शन, गीत-संगीत और व्यावसायिक मनोरंजन को एक साथ प्रस्तुत किया जा सकता है। फिल्म हरियाणा के कई सिनेमाघरों में प्रदर्शित हुई और दर्शकों तक पहुँची। सीमित संसाधनों के बीच विजय वर्मा और उनकी पूरी टीम का यह प्रयास आने वाले वर्षों में हरियाणवी सिनेमा में दिखाई देने वाले बदलाव की शुरुआती कड़ियों में से एक माना जा सकता है।
फिल्म के निर्माण के दौरान इसका नाम ‘तेरे ते प्यार होया’ रखा गया था, जो फिल्म के गीत से जुड़ा हुआ नाम था। बाद में फिल्म के नाम में बदलाव करते हुए इसे ‘Fighter for Love’ नाम दिया गया। यह बदलाव फिल्म की कहानी और उसके एक्शन-रोमांस वाले स्वरूप को ध्यान में रखते हुए किया गया। फिल्म हरियाणा के कई सिनेमाघरों में रिलीज हुई और ठीक-ठाक प्रदर्शन करते हुए दर्शकों तक अपनी पहुँच बनाने में सफल रही। हालांकि यह कोई बहुत बड़ी व्यावसायिक ब्लॉकबस्टर नहीं बनी, लेकिन 2015 के दौर में हरियाणवी सिनेमा के लिए यह एक महत्वपूर्ण प्रयास था। सीमित संसाधनों के बीच फिल्म ने एक्शन, डांस, गीत-संगीत और मनोरंजन को एक साथ प्रस्तुत किया और हरियाणवी दर्शकों को बड़े पर्दे पर कुछ नया देने की कोशिश की। इस दृष्टि से ‘Fighter for Love’ को 2015 में हरियाणवी सिनेमा के नए दौर की शुरुआती फिल्मों में एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा सकता है।